रायका पहाड़ से निकल डांगरडी के वन में विचर रही बाघिन
रायका पहाड़ क्षेत्र से लेकर डांगरडी के वन में जगह-जगह उसके पंजों के निशान पाये गये हैं, जिनके आधार पर उसका ताजा ठिकाना डांगरडी बताया जा रहा है.
पुरुलिया. लगातार पांच दिन की कोशिशों के बाद भी वन विभाग के कब्जे में जमुना बाघिन नहीं आयी है. मिली जानकारी के अनुसार जिले के बांदवान के रायका पहाड़ क्षेत्र से बाघिन निकल कर मानबाजार प्रखंड-02 अंचल के डांगरडी के वन में चली गयी है. रायका पहाड़ क्षेत्र से लेकर डांगरडी के वन में जगह-जगह उसके पंजों के निशान पाये गये हैं, जिनके आधार पर उसका ताजा ठिकाना डांगरडी बताया जा रहा है. वन विभाग व स्थानीय पुलिस की मदद से लगभग 18 एकड़ में फैले जंगल के चारों ओर बाघिन को पकड़ने के लिए जाल घेर दिया गया है. शुक्रवार सुबह से ही वन विभाग के बड़े अधिकारियों के साथ कर्मचारी और पुलिसवाले बाघिन को पकड़ने के अभियान पर जोर लगाये हुए हैं. चार भागों में बंट कर वन विभाग के अधिकारी, कर्मचारी व पुलिसवाले जरूरी साजो-सामान के साथ जंगल के चप्पे-चप्पे पर फैले हुए हैं. इस बीच, रायका पहाड़ क्षेत्र से बाघिन 15 किलोमीटर की दूरी तय कर डांगरडी के वन में चली गयी है. जंगल में जगह-जगह बाघिन के पंजों के निशान दिखने से ग्रामीणों में खौफ है. हालांकि जगह-जगह वन विभाग के पिंजरे भी मेमनों के चारों के साथ रखे गये हैं, लेकिन चालाक बाघिन अब तक शिकंजे में नहीं आयी है.
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