नयी दिल्ली : कर्नाटक के राज्यपाल वजुभाई वाला अगर संवैधानिक एवं कानूनी प्रावधानों और परंपराओं के मुताबिक कांग्रेस-जद (एस) गठबंधन को सरकार गठन का न्योता नहीं देते हैं तो कांग्रेस न्यायालय का रुख कर सकती है. कांग्रेस के सूत्रों ने बुधवार को यह जानकारी दी.
पार्टी सूत्रों का कहना है कि अगर राज भवन से नकारात्मक जवाब मिलता है तो ऐसी स्थिति में अदालत जाने के विकल्प पर गौर किया जा सकता है. कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने कहा, ‘हमने (गठबंधन) सरकार गठन के लिए दावा किया है क्योंकि हमें कुल 56 फीसदी वोट मिले हैं.’ राज्यपाल की ओर से भाजपा को सरकार गठन का न्योता दिये जाने की स्थिति के बारे में पूछे जाने पर कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा, ‘कांग्रेस के पास सभी विकल्प खुले हुए हैं.’ उन्होंने कहा कि राज्यपाल से यह अपेक्षा की जाती है कि वह जनादेश को सुनेंगे.
दरअसल , कर्नाटक में किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है. प्रदेश की 224 सदस्यीय विधानसभा में 222 सीटों पर हुए चुनाव में भाजपा को 104, कांग्रेस को 78 और जद (एस) को 37 सीटें मिली हैं. बहुमत के लिए जादुई आंकड़ा 112 का है. भाजपा और कांग्रेस-जद (एस) गठबंधन ने राज्य में सरकार बनाने का दावा पेश किया है.